🎵 गीत
3. एक दफ़ा की बात है, एक भटकती राह से, एक मुसाफ़िर ने कहा, बोल कहां हैं मंज़िलें...
3 Ek Dagh Kee Bat Hai, Ek Bhatakatee Rah Se, Ek Musafir Ne Kaha, Bol Kahan Hain Manzilen
श्रेय
गायक/गायिका
महेंद्र कपूर
Mahendra Kapoor
गीतकार
गुलज़ार
Gulzar
संगीतकार
सलिल चौधरी
Salil Chaudhri