🎵 गीत
4. रात आई दुल्हन बन के, ख़ुशी नाच रही है, तारों से भरी मांग
4. Rat Ai Dulhan Ban Ke, Khushi Nach Rahi Hai, Taron Se Bhari Mang
श्रेय
गायक/गायिका
सबिता बनर्जी, साथी
Sabita Banerjee, Others
गीतकार
कैफ़ी आज़मी
Kaifi Azmi
संगीतकार
कमल मित्रा
Kamal Mitra
रिकॉर्ड विवरण
78 आरपीएम रिकॉर्ड
N 51872